विंग कमांडर अभिनंदन ने बताया पाकिस्तान में मिली मानसिक प्रताड़ना

Wing Commander congratulates Pakistan's mental torture

नई दिल्ली। भारतीय वायुसेना के विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान ने पाकिस्तान से लौटने के बाद वहां उन्हें मानसिक प्रताड़ना दिए जाने की जानकारी दी है। हालांकि उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी अफसरों ने उन्हें शारीरिक रूप से प्रताड़ित नहीं किया था। फिर भी उनके शरीर पर कुछ चोटे हैं जिनका इलाज चल रहा है। हाल में दुरुह परिस्थितियों से गुजरे अभिनंदन को “कूल डाउन” करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

सूत्रों का कहना है कि करीब 60 घंटे पाकिस्तान की कैद में रहे भारतीय पायलट अभिनंदन के मानसिक यातना दिया जाना भी संयुक्त राष्ट्र के जेनेवा कनवेंशन का उल्लंघन है। संभवतः आने वाले समय में भारत सरकार इसके खिलाफ संयुक्त राष्ट्र में शिकायत कर सकती है। शनिवार की सुबह अभिनंदन अपनी पत्नी समेत परिवार के सभी सदस्यों से मिले।

अधिकारियों ने बताया कि अटारी-वाघा सीमा से शुक्रवार रात करीब पौने बारह बजे दिल्ली लाए गए विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान को तुरंत वायुसेना केंद्रीय मेडिकल प्रतिष्ठान (एएफसीएमई) ले जाया गया जो सेना के तीनों अंगों के वायुकर्मियों का मेडिकल जांच केंद्र है। वहां वह विभिन्न चिकित्सा जांचों से गुजर रहे हैं। जांच प्रक्रिया रविवार तक जारी रहने की उम्मीद है। स्वास्थ्य जांच का चरण पूरा होने जाने के बाद अभिनंदन की “डीब्रीफिंग” (सवाल-जवाब) की प्रक्रिया शुरू होगी।

ज्ञात हो कि अमृतसर-वाघा सीमा पर शुक्रवार रात 9 बजकर 21 मिनट पर पाकिस्तान ने अभिनंदन को भारत को सौंपा। जांबाज सैनिक की तरह सिर ऊंचा किए दृढ़ता के भाव लिए पाक सीमा से अभिनंदन ने जैसे ही भारतीय सरजमीं पर कदम रखा मातृभूमि लौटने की खुशी उनके चेहरे पर मुस्कान के रूप में सामने आयी। उन्होंने विगत शुक्रवार को जब अटारी में कदम रखा तो उनकी दाहिनी आंख के पास वाला हिस्सा सूजा हुआ प्रतीत हुआ। पाकिस्तान में जब अभिनंदन को पकड़ा गया तो उन्होंने अत्यंत जटिल परिस्थितियों में अदम्य साहस का परिचय दिया।

राम मनोहर लोहिया अस्‍पताल में किया गया मेडिकल

इसके बाद विंग कमांडर करीब दस बजे अभिनंदन अमृतसर से दिल्‍ली के लिए रवाना हुए। उन्‍हें विशेष विमान से दिल्‍ली लाया गया। यहां उनका राम मनोहर लोहिया अस्‍पताल में उनका मेडिकल किया गया। अभिनंदन की रिहाई पर तत्काल खुशी का इजहार करने के अलावा भारतीय वायुसेना ने कोई टिप्पणी नहीं कर साफ-साफ संकेत दे दिया कि पाकिस्तान से मसला जांबाज पायलट की रिहाई तक का नहीं बल्कि असल मुद्दा आतकंवाद ही रहेगा। वाघा बार्डर पर भारतीय वायुसेना को सौंपे गए अभिनंदन को सबसे पहले मेडिकल जांच के लिए ले जाया जाएगा और उन्हें दिल्ली लाया जा रहा है। जांबाज पायलट की अगवानी करने खुद वाघा पहुंचे वायुसेना के एयर वाइस मार्शल रवि कपूर ने अभिनंदन की वापसी के बाद मीडिया से संक्षिप्त बयान में कहा कि चूंकि विमान क्रैश होने के बाद पाराशूट से कूदने के कारण उन्हें अंदर तक चोट लगी है।

शरीर के अंदर दबाव होगा और इसीलिए सबसे पहले उनकी मेडिकल जांच होगी। उन्होंने पाकिस्तान के इस कदम पर सीधे कोई बात नहीं कही और केवल इतना कहा कि वायुसेना उनके लौटने से खुश है।