गोपाल भार्गव का दावा, मोदी फिर प्रधानमंत्री बने तो 7 दिन में गिर जाएगी कमलनाथ सरकार

गोपाल भार्गव का दावा, मोदी फिर प्रधानमंत्री बने तो 7 दिन में गिर जाएगी कमलनाथ सरकार
पहले भी दे चके हैं चेतावनी

भोपाल। भाजपा नेता मप्र की कांग्रेस सरकार को गिराने की लगातार चेतावनी देते आ रह हैं। एक बार फिर से विस में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने कमलनाथ सरकार को गिराने की चेतावनी दी है। दरअसल, नेता प्रतिपक्ष बनने के बाद पहली बार दमोह पहुंचे गोपाल भार्गव का जोरदार स्वागत हुआ। इस मौके पर उन्होंने मध्य प्रदेश की मौजूदा सरकार को लेकर बड़ा बयान दिया। नेता प्रतिपक्ष भार्गव ने दावा किया कि अगर इस बार फिर नरेंद्र मोदी देश के प्रधानमंत्री बने तो सात दिन के भीतर ही सूबे में कांग्रेस की सरकार गिर जाएगी। इतना ही नहीं उन्होंने विधानसभा चुनाव में भाजपा को मिली हार के लिए गुटबाजी को जिम्मेदार ठहराया। विधायक गोपाल भार्गव ने कहा कि, कांग्रेस में इतनी ताकत नहीं थी कि वो चुनाव जीत पाती। कुछ नेताओं ने ही पार्टी के खिलाफ काम किया। पार्टी मां की तरह होती है। ऐसे में उन लोगों ने मां के साथ विश्वासघात किया है। इतना ही नहीं उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ लोकसभा चुनाव के लिए एकजुट रहने की भी अपील की, ताकि एक बार भी नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र में भाजपा की सरकार बन सके। उन्होंने कहा कि, वो प्रदेश में कांग्रेस सरकार की मनमानी नहीं चलने देंगे और गरीबी जनता के साथ हर हाल में खड़े रहेंगे। वो यहीं नहीं रुके उन्होंने कहा कि अगर किसी ने भी भाजपा कार्यकर्ता पर अंगुली उठाई तो उसको मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।

जब तक मंत्रियों के बंगले पुतेंगे तब तक मप्र में गिर जाएगी कांग्रेस सरकार
कुछ दिन पहले नेता प्रतिपक्ष बनने के बाद पहली बार सागर पहुंचे नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने राहतगढ़ में कांग्रेस सरकार पर तंज कसते हुए कहा था कि जब तक मंत्रियों के बंगले पुतेंगे तब तक सरकार गिर जाएगी। बंगले पुते के पुते रह जाएंगे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा था कि जिसके हार्ट और किडनी दूसरी पार्टी के हैं, वह सरकार ज्यादा दिन नहीं चलती। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सरकार चार माह से ज्यादा नहीं चलेगी। उन्होंने कहा, ”11 दिसंबर (चुनाव परिणाम के बाद) को बीमार शिशु पैदा हुआ जिसकी किडनी समाजवादी पार्टी, हार्ट बहुजन समाज पार्टी और अन्य अंग निर्दलियों के लगे हैं।

यह पूछे जाने पर कि विपक्षी दल के तौर पर आपकी क्या चुनौतियां है? इसके जवाब में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि जनता के लिए की गई घोषणाएं सरकार से गला दबाकर पूरी करवाएंगे। उन्होंने कांग्रेस की गुटबाजी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि अब प्रदेश में 12 मुख्यमंत्री हो गए हैं जो कि सरकार का नियंत्रण कर रहे हैं।

सूबे में कांग्रेस के अलग-अलग धड़ों पर भार्गव ने कहा कि इसके कोटे में 7 मंत्री और उसके कोटे में 8 मंत्री, ये कोटे न हुए बल्कि राशन की दुकान हो गई। बता दें कि सीएम कमलनाथ के मंत्रिमंडल में राज्य के तीनों बड़े नेता कमलनाथ, दिग्विजय सिंह और ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थन वाले विधायकों को जगह दी गई है। मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री कमलनाथ के 11, दिग्विजय सिंह के 9, ज्योतिरादित्य सिंधिया के 7 और अरुण यादव खेमे के एक मंत्री को शामिल किया गया है। विपक्षी दलों के महागठबंधन को लेकर गोपाल भार्गव ने कहा कि जब नरेंद्र मोदी का तूफान आता है तो शेर-बिल्ली एक साथ पेड़ पर चढ़ जाते हैं।

हाईकमान को छींक आ जाए
भाजपा महामंत्री कैलाश विजयवर्गीय भी सरकार गिराने का बयान दे चुके हैं। कैलाश विजयवर्गीय भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हैं। उनके बयान मायने रखते हैं। उन्होंने कहा था कि बस हाईकमान को छींक आ जाए, बॉस का इशारा हो जाए, कमलनाथ सरकार पांच दिन में गिरा देंगे।